कौन कहता है आसमां में सुराख नहीं हो सकता
एक पत्थर तो तबीयत से उछालो यारों !
आज delivery riders से मिलकर उन्हें 10 Minute delivery से निजात की बधाई दी. ये सिर्फ एक सांसद के दिए गए भाषण की गूंज नहीं बल्कि इस देश के लाखों-करोड़ो मेहनतकश और ईमानदार gig workers के संघर्ष की जीत है.
केंद्र सरकार का दिल से धन्यवाद, जिन्होंने इन मजबूर gig workers के दर्द को समझा. आज मुझे इस बात का संतोष है कि अब देश में इस मुद्दे पर सकारात्मक चर्चा की शुरूआत हो चुकी है !

एक पत्थर तो तबीयत से उछालो यारों !




