Diwali 2024 Date: साल 2024 में दिवाली तिथि पर पहला प्रीति योग बनाया गया था। सुबह 10 बजे 41 मिनट पर यह योग बना है। इसके बाद शुभ योग बना। 02 नवंबर को सुबह 11 बजकर 19 मिनट तक आयुष्मान योग रहेगा। इन तरीकों में धन की देवी लक्ष्मी की पूजा करने से सुख, समृद्धि और धन मिलता है।
Diwali 2024: दिवाली हर वर्ष कार्तिक अमावस्या तिथि को मनाई जाती है। इस दिन धन की देवी मां लक्ष्मी और शुभ-लाभ देने वाले भगवान गणेश की विशेष पूजा की जाती है। लक्ष्मी पूजन के दिन तक व्रत-उपवास भी रखा जाता है। इस दिन धन के देवता कुबेर भी पूजा जाता है। धार्मिक मत है कि धन की देवी मां लक्ष्मी की पूजा करने से साधक हमेशा के लिए धन की परेशानी से बच जाता है। आय और सौभाग्य भी बढ़ते हैं। दिवाली तिथि पर मां लक्ष्मी की पूजा की जाती है। आइए जानें दिवाली 2024 की तिथि, शुभ मुहूर्त, पूजा का समय और विधि-
शुभ मुहूर्त
कृष्ण पक्ष की अमावस्या 31 अक्टूबर को दोपहर 03 बजकर 52 मिनट से शुरू होगी और 1 नवंबर को संध्याकाल 06 बजकर 16 मिनट पर समाप्त होगी। सनातन धर्म में उदया तिथि का एक विशिष्ट महत्व है। यही कारण है कि 1 नवंबर को दिवाली मनाई जाएगी।
पूजा का उपयुक्त समय
कार्तिक मास की अमावस्या तिथि, यानी दिवाली पर लक्ष्मी पूजन का समय संध्याकाल पांच बजे 36 मिनट से छह बजे 16 मिनट तक है, ज्योतिषियों ने बताया है। धन की देवी मां लक्ष्मी और भगवान गणेश को इस समय पूज सकते हैं।
शुभ योग
साल 2024 में दिवाली तिथि पर पहला प्रीति योग बनाया जाएगा। सुबह 10 बजे 41 मिनट पर यह योग बनाया गया है। इसके बाद शुभ योग बनाया जाएगा। 02 नवंबर को सुबह 11 बजकर 19 मिनट तक आयुष्मान योग रहेगा। इन तरीकों में धन की देवी लक्ष्मी की पूजा करने से सुख, समृद्धि और धन मिलता है। इस दिन भगवान शिव प्रदोष काल तक मां पार्वती के साथ रहेंगे।

सौभाग्य की रक्षा के लिए जरूरी हैं करवा चौथ के ये नियम !
Chaitra Navratri 2025: चैत्र नवरात्रि के पावन दिन पर रुद्राक्ष को कब और कैसे पहनना चाहिए? यहाँ सभी नियम पढ़ें
Chaitra Navratri 2025: 120 फिट की गुफा में मां वैष्णवी का दरबार, नौ दिनों में 5100 अखंड दीप जलेंगे
Ashtami, Navami Puja 2025: चैत्र नवरात्रि में कन्या पूजन की तिथि और मुहूर्त को जानें